कैसे घूमें

  • उड़ें 2× क्लिक 2× टैप
  • घुमाएँ खींचें 1 उँगली
  • ज़ूम स्क्रॉल पिंच
  • सुनें क्लिक टैप
इन शब्दों के पीछे की कहानीआगे पढ़ें
शब्दों की दुनिया

Leben

जर्मन भाषा का ‘Leben’ शब्द हिन्दी के ‘जीवन’ का सगा भाई लगता है, और शायद है भी। दोनों की जड़ें एक ही पुरानी इंडो-यूरोपीय धातु ‘leip-’ में मिलती हैं, जिसका अर्थ था ‘चिपके रहना’ या ‘बने रहना’ — यानी, अस्तित्व में बने रहना। यह रिश्ता केवल शाब्दिक नहीं, बल्कि रचनात्मक भी है। जैसे हम ‘जीवन’ में उपसर्ग और प्रत्यय लगाकर ‘आजीवन’, ‘जीवन-शैली’ या ‘जीवन-दान’ जैसे शब्द बनाते हैं, जर्मन भी ठीक यही करती है। वे ‘Leben’ को एक आधारशिला मानकर उस पर विचारों की पूरी इमारत खड़ी कर देते हैं। उदाहरण के लिए, ‘Erwerbsleben’ को देखें। यहाँ ‘Erwerb’ का अर्थ है ‘अर्जन’ या ‘कमाई’, तो ‘Erwerbsleben’ हुआ ‘कमाई का जीवन’ या ‘कामकाजी जीवन’। यह हमारे ‘व्यावसायिक जीवन’ जैसा ही है। पर इससे भी गहरा शब्द है ‘Seelenleben’। इसमें ‘Seele’ यानी ‘आत्मा’ है, तो यह बना ‘आत्मा का जीवन’ या ‘आंतरिक जगत’। यह शब्द हमें बताता है कि जर्मन भाषा केवल बाहरी दुनिया की नहीं, बल्कि मन के भीतर के जीवन की भी उतनी ही परवाह करती है। ‘Ableben’ में ‘ab-’ उपसर्ग जुड़ने से अर्थ एकदम पलट जाता है; यह ‘जीवन से दूर जाना’ यानी ‘निधन’ बन जाता है। इन शब्दों से गुज़रते हुए लगता है कि भाषा केवल संवाद का ज़रिया नहीं, बल्कि जीवन को देखने और समझने का एक नज़रिया भी है।

इस क्षेत्र के सभी 153 शब्द

25 संबंधित क्षेत्र

इन शब्दों वाले 307 लेख